निपाह वायरस क्या है लक्षण सावधानिया बचाव Nifa Virus in Hindi


Nipah Virus Kya Hai Symptoms Precautions Details in Hindi

निपाह वायरस क्या है इसके लक्षण और बचाव के तरीके

Nipah Virus अब आप सोच रहे होंगे की ये कौन सा नया वायरस आ गया जी हां आज हम एक ऐसे वायरस के बारे में बताने जा रहे है जिसके चपेट में आने से संक्रमित व्यक्ति तुरंत कोमा में चला जाता है और अगर समय रहते इलाज न मिले तो अनहोनी भी हो सकता है और इस खतरनाक वायरस का नाम है – Nipah Virus.

तो चलिए जानते है की आखिर ये निपाह वायरस क्या है इसके लक्षण और बचाव के तरीके क्या हो सकते है

निपाह वायरस क्या है

What is Nipah Virus in Hindi?

विश्व स्वास्थ्य संघटन | World Health Organization (WHO) के अनुसार निफा एक नई उभरती हुई बीमारी है जिस वायरस के संक्रमण के प्रभाव से जानवर और इन्सान दोनों में तेजी से फैलता है जो की गंभीर बीमारियों को जन्म देता है इस बीमारी की पहली बार पहचान 1998 में मलेशिया के निपाह गाव से शुरुआत हुआ था जिस गाँव के नाम पर इस वायरस का नाम दिया गया और भारत में इसका सर्वप्रथम प्रभाव 2001 में देखने को मिला था जिसके बाद यह वायरस का संक्रमण 2007 और अब इस साल 2018 में नये ताजे मामले देखने को आ रहे है

 Nipah Virus के नाम के आधार पर इसे NiV Infection (एनआईवी संक्रमण) भी कहा जाता है इस वायरस का सर्वप्रथम प्रभाबी सुवरो में देखने को मिला था जिसके संक्रमण के जरिये ये वायरस इंसानों तक पहुच गये इसके अलावा फ्रूट बैट्स नामक चमगादड़ के जरिये ये वायरस उनसे होते हुए इंसानों को अपने चपेट में ले रहा है विश्व स्वास्थ्य संघटन के अनुसार जहा खजूर की खेती की जाती है वहा इसका प्रभाव अत्यधिक देखने को मिल रहा है

निफा वायरस के लक्षण

Nipah Virus Symptoms in Hindi

निपाह वायरस को NiV संक्रमण भी कहा जाता है इसके चपेट में आने व्यक्ति को तेज बुखार, सांस लेने में तकलीफ, कोमा, सरदर्द, चक्कर, दिमाग का काम न करना, बेहोशी जैसे तुरंत लक्षण दिखने लगते है

निफा वायरस के संक्रमण से सावधानिया और बचाव

Nifa Virus Precautions in Hindi

WHO (विश्व स्वास्थ्य संघटन) के अनुसार यह एक संक्रमित वायरस है जो बहुत तेजी से फैलता है और लोगो को अपना शिकार बनाता है और जो संक्रमित के सम्पर्क में आते है वे भी इसके शिकार हो जाते है इस वायरस का अभी कोई पुख्ता इलाज नही बना है और ना ही इसके प्रभाव को रोकने के लिए किसी वैक्सीन का निर्माण हुआ है

लेकिन यदि कुछ सावधानिया बरती जाए तो निफा वायरस के संक्रमण से बचा जा सकता है चुकी यह फ्रूट बैट्स नामक चमगादड़ के जरिये बहुत तेजी से फैलता है तो ऐसे में खजूर, ताड़ के जानवरों द्वारा खाए गये फलो, रसो के सेवन से बचना चाहिए और इन जानवरों द्वारा जूठी फलो को भी खाने से बचना चाहिए

फिलहाल निफा वायरस के संक्रमण का कोई पुख्ता इलाज नही हुआ है ऐसे में सावधानी ही इस वायरस से बचाव का एक मात्र रास्ता है

“सावधानी ही सुरक्षा है”

तो आप सबको निफा वायरस के बारे में यह पोस्ट निपाह वायरस क्या है लक्षण सावधानिया बचाव के तरीके Nifa Virus Symptoms Precautions in Hindi कैसा लगा जरुर बताये और अभी तक जितना इस वायरस के बारे में जानकारी प्राप्त हुआ उसके बारे में यहाँ बताया गया है और जैसे ही इससे कोई नई जानकारी आती है तो पोस्ट को अपडेट किया जायेगा और इससे जुडी कोई आपको जानकारी है तो हमे कमेंट बॉक्स में जरुर अवगत कराये ताकि इसके बारे में सभी लोगो को पता चल सके.

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14 Comments

    1. दिगेश निपाह वायरस अभी तक चमगादड़ो और उनके उनके द्वारा खाए गये जूठे फलो के खाने के द्वारा ही फैलने की बाते सामने आ रही है

  1. Bahut achhi aankari Di hai apne. lekin Ab jaldi se vaccine produce karne Ki kosish kare taki kisi ko kuchh na Ho.

    1. मान ऐसे जब भी कोई केस आते है सरकार इसके बचाव के लिए अपने डिपार्ट को पहले से ही अलर्ट कर देती है और हो सकता है जल्द ही इसका कोई वैक्सीन या टीका आ जाये

  2. बहुत बढियाँ जानकारी भाई,
    इस तरह तरह की वायरस अभी किस स्टेट में ज्यादा दिखाई पड़ी है bro ??

    1. रिजवान इसका असर केरल और पश्चिम बंगाल के कुछ इलाको में पाया गया है

  3. Aap sabhi logo se nivedan hai ki savdhani barte ish virus se.
    Aasha karta hu hame es virus ka ilaj jadi mil jayega.

  4. आज के समय के हिसाब से निफा वायरस के बारे में जानकारी देना बहुत ही अच्छी बात है ……Nice Post

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