गरीब किसान के धन की कहानी Garib Kisan Ki Kahani in Hindi

0

Kahaani गरीब किसान की

आज हम एक छोटी सी Garib Kisan Ki Kahani in Hindi बताने जा रहे है इस छोटी सी कहानी में हमे बहुत बड़ी सीख मिलती है रामू और श्यामू दो अच्छे पडोसी थे रामू बेहद गरीब किसान था जबकि श्यामू अमीर पैसे वाला बड़े मकान का मालिक था

रामू भले ही गरीब था लेकिन वह अपने को हमेसा खुश और आराम महसूस करता था वह कभी भी रात में सोते समय कभी घर की खिड़किया या दरवाजे बंद करके नही सोता था उसे किसी भी प्रकार की चिंता नही थी वह पूरी रात आराम से गहरी नीद में सोता था और इस प्रकार उसका जीवन शांतिपूर्ण कट रहा था

जबकि इसके ठीक उलट श्यामू इतने धनवान होने के बावजूद हमेसा तनाव में रहता था वह पूरी रात खिडकियों और दरवाजो को बंद करके भी सो नही पाता था वह हमेसा इसी चिंता में रहता था की कही चोर उसके तिजोरी को तोडकर धन न चुरा ले जाए जिसके कारण उसे दिन रात बस धन की ही फ़िक्र लगी रहती थी

Garib Kisan Ki Kahani

एक दिन की बात है श्यामू रामू से मिला तो श्यामू बोला “तुम हमेसा गरीबी में ही रहते हो मुझसे कुछ धन ले लो और तुम भी अपना जीवन सुखपूर्वक गुजारो.

इसके बाद रामू अपने पडोसी से धन पाकर बहुत खुश हुआ उसने न जाने कितने सपने देखने लगे और इस प्रकार रात भी होने को आई फिर धन को घर में छिपाकर खिडकियों, दरवाजो को अच्छी तरह से बंद करके बिस्तर पर सोने को चला गया लेकिन उसे आज नीद ही नही आ रही उसका मन बार बार मिले धन पर ही जाता था बार बार अपने धन के बारे में सोचता रहा जिसके कारण आज वह पहली बार पूरी रात सो न सका

और फिर रामू ने निश्चय किया की “जिस धन के चलते मेरी नीद और सुख चली गयी हो भला वह धन मेरे किस काम के, आज सुबह ही इसको अपने मित्र श्यामू को ये धन वापस कर दूंगा”

और जैसे ही सुबह हुआ वह धन को लेकर श्यामू के पास आ गया और धन लौटाते हुए बोला की “मित्र मै गरीब जरुर हु लेकिन सुख से अमीर था आपके दिए पैसे ने मेरे सारे सुख चैन को गायब कर दिए ऐसे धन न होने से ही अच्छा है इसलिए इसे आप वापस अपने पास रख ले”

और इस प्रकार धन लौटाने के बाद फिर से रामू अपने सुख के दिनों में वापस लौट आया

कहानी से नैतिक शिक्षा

कहानी से यही शिक्षा मिलती है की धन से सबकुछ नही मिल सकता है जो भी हमे ईश्वर ने दिया है उसमे संतुष्ट होना सीखे और यदि आप ऐसा करते है तो ईश्वर द्वारा दी गयी सुखो में आप हमेसा संतुष्ट रह सकते है

जैसा की कहा भी गया है – “संतोषम हि परम सुखम “

तो आप सबको यह Garib Kisan Ki Kahani In Hindi गरीब किसान का धन की Hindi Kahani कैसा लगा प्लीज कमेंट बॉक्स में जरुर बताये.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here